नक्सलियों ने उड़ाया था जिस दफ्तर को, लगभग 22 साल बाद फिर शुरू हुए वहीं कामकाज।

 नक्सलियों ने उड़ाया था जिस दफ्तर को, लगभग 22 साल बाद फिर शुरू हुए वहीं कामकाज। 



 वर्ष 2004 में नक्सलियों ने उड़ाया था दफ्तर। 



(रिपोर्ट- मदन मोहन/नौगढ़/चंदौली)



चंदौली। जनपद के नौगढ़ क्षेत्र के वन प्रभाग के मझगाईं रेंज कार्यालय के इतिहास में आज का दिन स्वर्णिम अक्षरों में दर्ज हो गया। लगभग 22 वर्षों के लंबे इंतजार के बाद आज वन क्षेत्राधिकारी (Ranger) अमित श्रीवास्तव के विशेष प्रयासों से मझगाईं रेंज कार्यालय को वैदिक मंत्रोच्चार और पूरे विधि-विधान के साथ पुनः स्थापित कर दिया गया।



गौरतलब है कि साल 2004 में इस क्षेत्र में सक्रिय रहे नक्सलियों ने इस रेंज कार्यालय को बम से उड़ाकर पूरी तरह ध्वस्त कर दिया था, जिसके बाद से यहां का कामकाज प्रभावित था। नौगढ़  में स्थित जय मोहनी रेंज कार्यालय कैम्पस में संबद्ध था और सुरक्षा के लिहाज से यह एक बड़ा संवेदनशील मुद्दा बना हुआ था। 16 मई 2026 के शुभ मुहूर्त में पूजा-अर्चन और वैदिक मंत्रों की गूंज के साथ कार्यालय की नई शुरुआत की गई। इस मौके पर वनाधिकारी अमित श्रीवास्तव ने कहा कि रेंज कार्यालय की पुनर्स्थापना से न सिर्फ वन और वन्यजीवों की सुरक्षा को मजबूती मिलेगी, बल्कि स्थानीय ग्रामीणों और वनवासियों को भी अपने कार्यों के लिए अब दूर नहीं भटकना पड़ेगा। यह कार्यालय क्षेत्र में कानून व्यवस्था और सरकारी योजनाओं को धरातल पर उतारने में मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने यह भी बताया कि कि लोगों में जो पूर्व में धारणा बनी हुई थी उस पर काफी आघात पहुंचेगा और लोगों का विश्वास बढ़ेगा। इस आयोजन में स्वयं वन क्षेत्राधिकारी अमित कुमार पूजन अर्चन व हवन के साथ-साथ कार्यालय का उद्घाटन फीता काटकर किया।  इस कार्यक्रम की सराहना  राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) संजीव गोंड करते हुए बताया कि वन क्षेत्राधिकारी के अथक परिश्रम से सरकार के मंशानुरूप  कार्य किया गया है जो काबिले तारीफ है। इससे समाज में एक भय मुक्त संदेश पहुंचेगा। ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि सुजीत सिंह सहित इस ऐतिहासिक अवसर पर वन विभाग के कर्मचारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि और भारी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे, जिन्होंने इस पहल की मुक्तकंठ से सराहना की।

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